अनुवाद

भारतीय भाषा लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
भारतीय भाषा लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

शनिवार, 12 जुलाई 2014

संघ लोक सेवा आयोग: राजनाथ सिंह के दरवाजे पर पहुंची भारतीय भाषाओं की लड़ाई

संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की परीक्षा में अंग्रेजी की तुलना में भारतीय भाषाओं की उपेक्षा किए जाने से जुड़ा मामला अब गृह मंत्री राजनाथ सिंह के घर तक पहुंच गया है। शनिवार सुबह जब गृह मंत्री अपने आवास से निकल रहे थे तभी यूपीएससी के प्रतियोगियों ने आवास के बाहर प्रदर्शन शुरू कर दिया। इस दौरान छात्र-छात्राओं ने जमकर नारेबाजी भी। छात्र-छात्राओं ने कहा कि यूपीएससी परीक्षा में भारतीय भाषाओं के प्रतियोगियों की अनदेखी की जा रही है, जबकि अंग्रेजी को बढ़ावा दिया जा रहा है।

राजनाथ सिंह ने कहा, प्रधानमंत्री से चर्चा करेंगे
आवास के बाहर प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं से मिलने पहुंचे गृह मंत्री राजना‌थ सिंह ने इस मुद्दे पर प्रधानमंत्री से चर्चा करने की बात कही। उन्होंने कहा कि वह इस मुद्दे को प्रधानमंत्री के समक्ष रखेंगे। यही नहीं, उन्होंने इस मामले में छात्रों का समर्थन करते हुए प्रधानमंत्री से इस मुद्दे पर निर्णय कराने की मांग करने का भी आश्वासन दिया। उनके इस आश्वासन के बाद प्रदर्शनकारी छात्र-छात्राएं गृह मंत्री के घर से लौट गए। गौरतलब है कि इस बार यूपीएससी परीक्षा में अग्रेंजी को महत्व दिया गया, जिससे भारतीय भाषाओं के छात्रों को खासा नुकसान हुआ था।

शनिवार, 12 जुलाई 2014: अमर उजाला, नई दिल्ली

शुक्रवार, 30 मई 2014

यदि आप सांसद हैं तो ध्यान दें, आपनेवोट भारतीय भाषा में मांगे थे; अब शपथ भी लीजिए!

आदरणीय

दिनांक ४ एवं ५ जून २०१४ को नई संसद के सभी सांसद शपथ ग्रहण करेंगे। कितना अच्‍छा हो यदि इस बार सभी सांसद हिन्दीतमिल, कन्नड़, मराठी, संस्‍कृत या किसी भारतीय भाषा में शपथ ग्रहण करें। यदि उनका मतदाता चाहेगा तो वे ऐसा अवश्‍य करेंगे। नीचे अनुरोध पत्र के दो प्रारूप अंकित हैं। कृपया इन्‍हें आप स्‍वयं भी भेजें और अधिक से अधिक लोगों को भेजने के लिए प्रेरित भी करें। ध्‍यान रखें हमारे पास अपनी बात अपने जन प्रतिनिधि तक पहुंचाने के लिए समय बहुत कम है मात्र  २ जून २०१४ तक। 

प्रारूप १

सेवा में
श्री नरेंद्र दामोदरदास मोदी,
माननीय प्रधान मंत्रीभारत सरकार,
प्रधानमंत्री कार्यालय,  दक्षिणी खण्ड,  नई दिल्ली

विषय: सांसदों को शपथ केवल भारतीय भाषाओं में दिलाए जाने हेतु अनुरोध 

महोदय,  

कृपया इस बार सभी सांसदों को हिन्दीसंस्‍कृततमिलकन्नडतेलुगूबंगाली अथवा किसी अन्य भारतीय भाषा में ही शपथ लेने के लिए प्रेरित कीजिए। साथ ही भाजपा के सभी सांसदों को स्पष्ट निर्देश बिना विलम्ब के जारी करवाने की कृपा करेंहमें आपसे बहुत आशाएँ  हैंआप भारत का गौरव लौटाएँगे । 

अब समय आ गया है जब भारतभारत सरकार और भारतीय संसद अंग्रेजी की अंतहीन गुलामी से मुक्त हो। यह महान कार्य केवल आपके निमित्त से ही हो सकता है।  

निवेदक


टिप्पण:- इस प्रारूप में निवेदक के बाद अपना नाम एवं पता अंकित कर pmosb@gov.in,publicwing.pmo@gov.in पर प्रेषित करें। तत्‍काल असर होगा।


प्रारूप २

माननी़य सासंद  महोदय,  
कृपया  इस  बार  सांसद पद की शपथ  हिन्दी अथवा अपनी मातृभाषा में ही ग्रहण करॆं, ऐसा हमारा आपसे विनम्र अनुरोध है। अब समय आ गया है जब भारतभारत सरकार और भारतीय संसद अंग्रेजी की अंतहीन गुलामी से मुक्त हो और आप इस महान कार्य में सहभागी बनें 


निवेदक
-------------------------

टिप्पण :-
यह प्रारूप व्‍यक्‍गित रूप से सभी सांसदों के लिए है, इसे आप कई तरीकों से सांसदों तक पहुंचा सकते हैं.
जैसे :
१)समक्ष भेंट कर (सर्वोत्तम तरीका)
२)यदि आपके पास सांसद महोदय का कोई ईमेल पता हो तो उस पर भेज दें लेकिन सामान्‍यत: ये लोग स्‍वयं मेल देख नहीं पाते हैं।
३)इंटरनेट पर उपलब्‍ध सांसद के ट्विटर, फेसबुक पेज के माध्‍यम से।
४) अपने सांसद का ईमेल/मोबाइल आदि आप चुनाव आयोग की वेबसाइट पर ‘शपथ-पत्र’ लिंक से प्राप्त कर सकते हैं: