अनुवाद

गुरुवार, 14 मई 2015

प्रधानमंत्री कार्यालय से कुछ सवाल जिनका कोई उत्तर देना नहीं चाहते हैं अधिकारी

दिनांक: 13 मई 2015

सेवा में,
केन्द्रीय सूचना अधिकारी
प्रधानमंत्री कार्यालय,
नयी दिल्ली, भारत  

विषय: सूचना का अधिकार अधिनियम आवेदन

महोदय,
कृपया मेरे पिछले आवेदन क्र. PMOIN/R/2014/60666 का संज्ञान लें जो दिनांक 16/06/2014 को दाखिल किया गया था और उसके सम्बन्ध में प्रधानमंत्री कार्यालय ने पूरे छह माह में भी एक भी संतोषजनक उत्तर प्रदान नहीं किया था, विनम्र प्रार्थना है इस बार सही-२ सूचनाएँ प्रदान करें:

१.     प्रधानमन्त्री जी से संबंधित मोबाइल वेबसाइटों एवं मोबाइल एप में अभी तक राजभाषा हिन्दी का विकल्प उपलब्ध नहीं है, यह राजभाषा सम्बन्धी प्रधानमंत्री जी के 22 जुलाई 1999 के आदेश एवं 2 जुलाई 2008 को जारी राष्ट्रपति जी के आदेश (संख्या 20012 07 2005) का उल्लंघन है जिनमें 100% द्विभाषी वेबसाइट बनाने के लिए कहा गया है. इन आदेशों के उल्लंघन को रोकने हेतु इनमें राजभाषा एवं अन्य भारतीय भाषाओं के विकल्प जोड़ने के लिए प्रधानमंत्री कार्यालय (“प्रमका”) की समृद्ध ‘आईटी टीम’ क्या क्या कदम उठा रही है?
२.     प्रधानमन्त्री कार्यालय के प्रशासनिक प्रधान (संयुक्त सचिव-प्रशासन) की अध्यक्षता में पिछले तीन साल में हुई बैठकों में कितनी बार राजभाषा हिन्दी के कार्यान्वयन सम्बन्धी विषय पर बार चर्चा हुई है, विवरण दें.
३.     फिलहाल प्रधानमन्त्री जी की मुख्य वेबसाइट 100% द्विभाषी नहीं है, उसमें ‘राष्ट्रीय रक्षा कोष’ एवं प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष’ में ऑनलाइन योगदान के पृष्ठ सिर्फ अंग्रेजी में हैं, अन्य कई टैब और अन्य वेबसाइटों के लिंक अभी भी सिर्फ अंग्रेजी में हैं, जो कि प्रधानमंत्री जी के 22 जुलाई 1999 के आदेश एवं राष्ट्रपति जी के 2 जुलाई 2008 के आदेश का उल्लंघन है, प्रमका ने राष्ट्रपति जी के आदेश के पालन के लिए क्या कार्यवाही की है?
४.     प्रधानमंत्री के चीनी सामाजिक मीडिया साइट वेइबो पर आधिकारिक वार्तालाप खाते पर नाम एवं परिचय सिर्फ चीनी भाषा में लिखा गया, सन्देश भी केवल चीनी भाषा में डाले जाते हैं जबकि प्रधानमंत्री जी के आधिकारिक फेसबुक/यूट्यूब/ट्विटर आदि खातों पर नाम-परिचय में भारत सरकार की राजभाषा हिन्दी को कोई स्थान नहीं दिया गया है, ऐसा करने का निर्णय किसने लिया? वहाँ किस नियम के तहत नाम-परिचय में राजभाषा हिन्दी को प्रयोग नहीं किया गया है, नियम की प्रति प्रदान करें?
५.     किसी न किसी नियम/आदेश/निर्णय के अनुसार ही प्रमका में कामकाज संचालित होता इसलिए बताएँ कि प्रधानमंत्री जी के आधिकारिक फेसबुक/यूट्यूब/ट्विटर आदि खातों पर अंग्रेजी को प्राथमिकता देने का निर्णय/आदेश किस अधिकारी ने लिया है?
६.     प्रधानमंत्री जी के आधिकारिक ट्विटर/फेसबुक/यूट्यूब खातों को संभालने वाली सोशल मीडिया टीम में नियुक्त अधिकारी/अधिकारियों के नाम,पदनाम एवं ईमेल पते सूचित करें? इनमें से कितने अधिकारियों को हिन्दी टंकण का ज्ञान है?
७.     संविधान के अनुच्छेद 343 के अनुसार भारत की राजभाषा हिन्दी और लिपि देवनागरी है इसलिए भारत सरकार के हर कार्यालय में हिन्दी को प्राथमिकता मिलनी चाहिए पर  प्रधानमंत्री जी से संबंधित सभी वेबसाइटें प्राथमिक आधार पर स्वतः (बाई डिफाल्ट) अंग्रेजी में खुलती हैं, ऐसा निर्णय किसने लिया? जब श्री मनमोहन सिंह प्रधानमंत्री थे तब तक प्रधानमंत्री कार्यालय की वेबसाइट का होमपेज बाई डिफाल्ट द्विभाषी था, जिसमें राजभाषा हिन्दी को प्राथमिकता दी गई थी, अंग्रेजी को प्राथमिकता देने का निर्णय किस अधिकारी ने लिया?

कोई टिप्पणी नहीं:

टिप्पणी पोस्ट करें

आपसे विनम्र प्रार्थना है इस पोस्ट को पढ़ने के बाद इस विषय पर अपने विचार लिखिए, धन्यवाद !